कॉकरोच के डीएनए में 15 करोड़ साल पुराने बैक्टीरिया के निशान मिले
कॉकरोच सिर्फ कॉकरोच नहीं हैं: उनके डीएनए में 15 करोड़ साल पुराने बैक्टीरिया के निशान कॉकरोच के डीएनए में 15 करोड़ साल पुराने बैक्टीरिया के साथ साझेदारी का खुलासा कॉकरोच के जीनोम में एक चौंकाने वाला
कॉकरोच सिर्फ कॉकरोच नहीं हैं: उनके डीएनए में 15 करोड़ साल पुराने बैक्टीरिया के निशान
कॉकरोच के डीएनए में 15 करोड़ साल पुराने बैक्टीरिया के साथ साझेदारी का खुलासा
कॉकरोच के जीनोम में एक चौंकाने वाला राज़ छिपा है: बैक्टीरिया के डीएनए के निशान, जो इन कीड़ों के साथ 15 करोड़ साल से रह रहे हैं। ये खोज दिखाती है कि कैसे लंबे समय तक चलने वाले रिश्ते प्रजातियों के जीनोम पर गहरा असर डाल सकते हैं।
कॉकरोच डीएनए में छिपा बैक्टीरिया का साथी
आमतौर पर जानवर अपने डीएनए को सिर्फ अपने पूर्वजों से ही प्राप्त करते हैं, लेकिन कॉकरोच ने *Blattabacterium cuenoti* नाम के बैक्टीरिया के डीएनए को भी अपने जीनोम में शामिल कर लिया है। ये बैक्टीरिया कॉकरोच के खास कोशिकाओं में रहते हैं और हर पीढ़ी में अंडे के ज़रिए आगे बढ़ते हैं। करोड़ों सालों की इस करीबी साझेदारी ने बैक्टीरिया के डीएनए के टुकड़ों को कॉकरोच के जीनोम में शामिल होने का मौका दिया।
हजारों बैक्टीरियल डीएनए के टुकड़े
इस जीनोमिक एक्सचेंज का स्तर हैरान करने वाला है। रिसर्चर्स ने कॉकरोच के जीनोम में 40,000 से ज्यादा बैक्टीरियल डीएनए के टुकड़े पाए। कुछ कॉकरोच प्रजातियों में ये टुकड़े सिर्फ दर्जनों की संख्या में थे, जबकि कुछ में हजारों की संख्या में। खासतौर पर ऑस्ट्रेलियाई बुरोइंग कॉकरोच में बैक्टीरियल डीएनए की मात्रा बेहद ज्यादा थी, जो अन्य जटिल जीवों में देखी गई मात्रा से कहीं अधिक है।
ये बैक्टीरियल डीएनए के टुकड़े कॉकरोच के जीनोम के अलग-अलग हिस्सों में फैले हुए हैं, जो दिखाता है कि ये ट्रांसफर एक ही घटना में नहीं बल्कि समय-समय पर हुए हैं।
डीएनए के टिके रहने का रहस्य
हालांकि इनमें से कई बैक्टीरियल टुकड़े कोई सक्रिय भूमिका नहीं निभा रहे हैं, लेकिन कुछ ने करोड़ों साल तक टिके रहने में सफलता पाई है। रिसर्चर्स ने कुछ डीएनए टुकड़ों को 2.9 करोड़ साल पुराने कॉकरोच पूर्वजों तक ट्रेस किया। ये टिकाऊपन सवाल उठाता है कि क्या इन टुकड़ों ने नई भूमिकाएं हासिल कर ली हैं या फिर ये सिर्फ इसलिए बच गए क्योंकि इनका मेज़बान पर ज्यादा असर नहीं पड़ा।
बैक्टीरियल डीएनए में सक्रियता के संकेत
हालांकि ज़्यादातर ट्रांसफर किए गए डीएनए निष्क्रिय दिखते हैं, लेकिन कुछ में सक्रियता के संकेत मिले हैं। कुछ टुकड़े जीन के पास पाए गए, और कुछ तो कॉकरोच कोशिकाओं द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले जीनोमिक निर्देशों में योगदान करते हैं। रिसर्चर्स ने हाइब्रिड डीएनए सीक्वेंस भी पाए, जो बैक्टीरियल जीनोम के अलग-अलग हिस्सों को जोड़ते हैं, और डीएनए रिपेयर और इंटीग्रेशन की जटिल प्रक्रियाओं की ओर इशारा करते हैं।
जीनोम पर नई सोच
ये स्टडी जीनोम को सिर्फ पूर्वजों का रिकॉर्ड मानने की पारंपरिक सोच को चुनौती देती है। इसके बजाय, ये दिखाती है कि जीनोम लंबे समय तक चलने वाले जैविक रिश्तों के निशान भी जमा कर सकते हैं। कॉकरोच के मामले में, *Blattabacterium cuenoti* के साथ उनकी पुरानी साझेदारी ने उनके जीनोम में हजारों जेनेटिक निशान छोड़े हैं।
हालांकि स्टडी ये दावा नहीं करती कि बैक्टीरियल डीएनए ने कॉकरोच के विकास को नाटकीय रूप से बदल दिया, लेकिन ये दिखाती है कि करोड़ों सालों में धीरे-धीरे हुए जेनेटिक एक्सचेंज जीनोम को कैसे बदल सकते हैं।
जैसे-जैसे और हाई-क्वालिटी जीनोम सीक्वेंस उपलब्ध होंगे, वैज्ञानिक अन्य जानवरों में भी ऐसे छिपे हुए इतिहास का पता लगा सकते हैं, जिन्होंने माइक्रोबियल पार्टनर्स के साथ लंबे समय तक सह-अस्तित्व किया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
कॉकरोच के डीएनए में कितने साल पुराने बैक्टीरिया के निशान मिले हैं?
कॉकरोच के डीएनए में 15 करोड़ साल पुराने बैक्टीरिया के निशान मिले हैं।
कॉकरोच के जीनोम में कौन सा बैक्टीरिया शामिल है?
कॉकरोच के जीनोम में *Blattabacterium cuenoti* नाम का बैक्टीरिया शामिल है।
कॉकरोच के जीनोम में बैक्टीरियल डीएनए के कितने टुकड़े पाए गए हैं?
कॉकरोच के जीनोम में 40,000 से ज्यादा बैक्टीरियल डीएनए के टुकड़े पाए गए हैं।
क्या बैक्टीरियल डीएनए कॉकरोच के विकास में भूमिका निभाता है?
स्टडी ये दावा नहीं करती कि बैक्टीरियल डीएनए ने कॉकरोच के विकास को नाटकीय रूप से बदल दिया है।
कॉकरोच और बैक्टीरिया के बीच संबंध का क्या महत्व है?
ये संबंध दिखाता है कि लंबे समय तक चलने वाले जैविक रिश्ते जीनोम पर गहरा असर डाल सकते हैं।
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।