दिल्ली पुलिस का खतरनाक खुलासा: फर्जी सीबीआई अधिकारी बनकर लूटपाट करने वाले गिरोह पकड़े गए
दिल्ली पुलिस ने रोहिणी के प्रशांत विहार इलाके में एक खतरनाक गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो फर्जी सीबीआई अधिकारी बनकर लोगों के घरों पर छापा मारता था।
दिल्ली पुलिस ने रोहिणी के प्रशांत विहार इलाके में एक खतरनाक गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो फर्जी सीबीआई अधिकारी बनकर लोगों के घरों पर छापा मारता था। पुलिस ने सात लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक पूर्व बार सिंगर, एक पूर्व बैंक कर्मचारी और एक पूर्व होटल संचालक महिला भी शामिल हैं। यह गिरोह 'स्पेशल 26' फिल्म की तर्ज पर काम करता था और दिल्ली-मुंबई में लोगों को डराकर पैसे और कीमती सामान लूटने की कोशिश करता था।
11 अगस्त की रात करीब 10 बजे व्यापारी प्रथ्थम अग्रवाल के प्रशांत विहार स्थित घर पर आठ लोग काले कपड़ों में पहुंचे। छह पुरुष और दो महिलाओं के इस गिरोह ने खुद को सीबीआई अधिकारी बताया और फर्जी पहचान पत्र दिखाकर घर में रेड करने की मांग की। जब परिवार ने सर्च वारंट और वैध कागजात मांगे तो आरोपियों ने धमकी दी और डेढ़ घंटे तक घर के बाहर घेराबंदी बनाए रखी। पड़ोसियों के आ जाने पर वे यह कहकर भाग गए कि नोटिस उनकी गाड़ी में है। शिकायतकर्ता के पिता के मोबाइल पर फर्जी सीबीआई नोटिस भी भेजा गया था।
19 अगस्त को प्रशांत विहार थाने में जबरन वसूली, आपराधिक धमकी और आपराधिक साजिश के तहत एफआईआर दर्ज की गई। रोहिणी के डीसीपी शशांक जायसवाल ने बताया कि केस सीसीटीवी फुटेज, इलेक्ट्रॉनिक सबूत और तकनीकी निगरानी से सुलझाया गया। गिरफ्तार आरोपियों में आसिफा (29), पूजा अग्रवाल, कुलदीप शर्मा (63), चंदर प्रकाश शर्मा (38), शुभम उर्फ गोलू (25), राजवीर सिंह (21) और नितिन शर्मा (30) शामिल हैं।
जांच में पता चला कि आसिफा और पूजा ने पूरी योजना बनाई थी। कुलदीप शर्मा ने बैंकिंग काम के जरिए शिकायतकर्ता के घर और नकदी की जानकारी दी। पूजा ने अपने जीजा चंदर प्रकाश से लोगों को जुटवाया और बाकी सदस्यों को हर रेड के लिए पैसे दिए जाते थे।
आरोपियों के पास से CBI मोनोग्राम वाले कपड़े, फर्जी आईडी कार्ड की तस्वीरें और आठ मोबाइल फोन बरामद हुए। फोन में सरकारी अधिकारियों की वर्दी में उनके फोटो-वीडियो भी मिले हैं। पुलिस को शक है कि यह गिरोह पिछले तीन-चार महीनों से दिल्ली और मुंबई में सीबीआई के अलावा ईडी जैसी एजेंसियों के अधिकारी बनकर भी सक्रिय था।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
दिल्ली पुलिस ने कौन सा गिरोह पकड़ा है?
दिल्ली पुलिस ने रोहिणी के प्रशांत विहार इलाके में एक खतरनाक गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो फर्जी सीबीआई अधिकारी बनकर लोगों के घरों पर छापा मारता था। सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें एक पूर्व बार सिंगर, एक पूर्व बैंक कर्मचारी और एक पूर्व होटल संचालक महिला शामिल हैं।
यह गिरोह लोगों को कैसे ठगता था?
गिरोह काले कपड़ों में लोगों के घरों पर पहुंचकर खुद को सीबीआई अधिकारी बताता था और फर्जी पहचान पत्र दिखाकर घर में रेड करने की मांग करता था। वे धमकी देते थे और लोगों को डराकर पैसे और कीमती सामान लूटने की कोशिश करते थे।
शिकायतकर्ता के साथ क्या हुआ था?
11 अगस्त की रात को आठ लोगों का गिरोह व्यापारी प्रथ्थम अग्रवाल के घर पहुंचा। उन्होंने सीबीआई अधिकारी होने का दावा किया और डेढ़ घंटे तक घर के बाहर घेराबंदी बनाए रखी। पड़ोसियों के आ जाने पर वे भाग गए और शिकायतकर्ता के पिता के मोबाइल पर फर्जी सीबीआई नोटिस भी भेजा गया।
आसिफा और पूजा की क्या भूमिका थी?
आसिफा और पूजा ने पूरी योजना बनाई थी। कुलदीप शर्मा (जो पूर्व बैंक कर्मचारी थे) ने बैंकिंग काम के जरिए शिकायतकर्ता के घर और नकदी की जानकारी दी। पूजा ने अपने जीजा चंदर प्रकाश से लोगों को जुटवाया और बाकी सदस्यों को हर रेड के लिए पैसे दिए जाते थे।
सबसे ज़्यादा पढ़ी गई
- 1
बहराइच के स्कूल में पेड़ काटने की तैयारी, पर्यावरण नीति पर सवाल
- 2
आयुष्मान कार्ड में गलतियां सुधारना हुआ आसान, नया पोर्टल शुरू
- 3
बहराइच में एसपी ने जनता दर्शन के दौरान सुनीं सभी शिकायतें
- 4
बहराइच में 90 हजार क्विंटल चीनी के स्टॉक की जांच, कालाबाजारी पर सरकार सख्त
- 5
बहराइच की बाढ़ से प्रभावित इलाकों का जायजा लेने पहुंचे मंत्री दिनेश प्रताप सिंह
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।