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अमेरिका का आरोप, चीन ने क्यूबा में बनाए तीन जासूसी ठिकाने

अमेरिका का आरोप: चीन ने क्यूबा में बनाए 3 जासूसी ठिकाने, अमेरिकी सेना पर नजर रखने का दावा अमेरिका ने आरोप लगाया है कि चीन क्यूबा में तीन खुफिया ठिकानों का संचालन कर रहा है।

अमेरिका का आरोप, चीन ने क्यूबा में बनाए तीन जासूसी ठिकाने
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अमेरिका ने आरोप लगाया है कि चीन क्यूबा में तीन खुफिया ठिकानों का संचालन कर रहा है। इनका इस्तेमाल अमेरिकी सेना की बातचीत और गतिविधियों पर नजर रखने के लिए किया जा रहा है। अमेरिकी स्टेट डिपार्टमेंट की एक नई रिपोर्ट में कहा गया है कि ये ठिकाने बीजिंग की "लगातार खुफिया जानकारी जुटाने की मौजूदगी" का हिस्सा हैं।

स्ट्रैटेजिक लोकेशन पर चिंता

क्यूबा: 21वीं सदी के कम्युनिज्म की राजधानी नाम की इस रिपोर्ट में बताया गया है कि क्यूबा की भौगोलिक स्थिति निगरानी के लिए बेहद अहम है। यहां से अमेरिका के दक्षिण-पूर्वी हिस्से में इलेक्ट्रॉनिक कम्युनिकेशन, सैन्य ठिकानों और समुद्री गतिविधियों पर नजर रखी जा सकती है। रिपोर्ट के मुताबिक, क्यूबा में मौजूद 18 सिग्नल इंटेलिजेंस ठिकानों में से तीन को चीन चला रहा है।

खुफिया स्टाफ में बढ़ोतरी

रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि 2023 से क्यूबा में चीन और रूस के खुफिया स्टाफ की संख्या तीन गुना बढ़ गई है। कुछ ऑपरेशन हवाना के साथ साझेदारी में भी चलाए जा रहे हैं। रिपोर्ट में एक वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी ने इन ठिकानों को बीजिंग और मॉस्को के "सबसे अहम विदेशी जासूसी केंद्रों" में से एक बताया है।

सबूतों पर सवाल

हालांकि रिपोर्ट में चीन की गतिविधियों को लेकर बड़े दावे किए गए हैं, लेकिन इसमें उन ठिकानों की सटीक जानकारी नहीं दी गई है, जो कथित तौर पर चीन के नियंत्रण में हैं। इसके अलावा, रिपोर्ट में नए सबूत भी नहीं पेश किए गए हैं। कई दावे पुराने मीडिया रिपोर्ट्स और वॉशिंगटन स्थित सेंटर फॉर स्ट्रैटेजिक एंड इंटरनेशनल स्टडीज (CSIS) के शोध पर आधारित हैं।

क्यों है यह मामला अहम

ये आरोप चीन के बढ़ते वैश्विक निगरानी नेटवर्क और अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा पर इसके असर को लेकर चिंताओं को उजागर करते हैं। क्यूबा की अमेरिका के दक्षिण-पूर्वी हिस्से के करीब मौजूदगी इसे खुफिया ऑपरेशन्स के लिए बेहद संवेदनशील बनाती है। इससे सैन्य बातचीत और समुद्री डेटा के इंटरसेप्शन का खतरा बढ़ जाता है।

यह मामला पहले से ही व्यापार विवाद और इंडो-पैसिफिक में सैन्य तनाव जैसे मुद्दों से जूझ रहे अमेरिका-चीन संबंधों को और जटिल बना सकता है।

स्रोत: South China Morning Post

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अमेरिका ने चीन पर क्या आरोप लगाया है?

अमेरिका ने आरोप लगाया है कि चीन क्यूबा में तीन जासूसी ठिकाने चला रहा है, जो अमेरिकी सेना की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए हैं।

क्यूबा की भौगोलिक स्थिति क्यों महत्वपूर्ण है?

क्यूबा की भौगोलिक स्थिति अमेरिका के दक्षिण-पूर्वी हिस्से में इलेक्ट्रॉनिक कम्युनिकेशन और सैन्य गतिविधियों पर नजर रखने के लिए बेहद अहम है।

रिपोर्ट में चीन और रूस के खुफिया स्टाफ की संख्या के बारे में क्या कहा गया है?

रिपोर्ट में कहा गया है कि 2023 से क्यूबा में चीन और रूस के खुफिया स्टाफ की संख्या तीन गुना बढ़ गई है।

क्या रिपोर्ट में चीन के ठिकानों की सटीक जानकारी दी गई है?

नहीं, रिपोर्ट में चीन के ठिकानों की सटीक जानकारी नहीं दी गई है और नए सबूत भी पेश नहीं किए गए हैं।

ये आरोप अमेरिका-चीन संबंधों पर क्या असर डाल सकते हैं?

ये आरोप अमेरिका-चीन संबंधों को और जटिल बना सकते हैं, जो पहले से ही व्यापार विवाद और सैन्य तनाव जैसे मुद्दों से जूझ रहे हैं।

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