मर्क और मोडर्ना की मेलानोमा वैक्सीन ट्रायल सफल, एमआरएनए कैंसर थेरेपी में पहली जीत
मर्क और मोडर्ना की mRNA आधारित मेलानोमा वैक्सीन ने फेज 3 ट्रायल में सफलता पाई। कैंसर थेरेपी में बड़ी जीत।
मर्क, मोडर्ना ने मेलानोमा वैक्सीन ट्रायल के उत्साहजनक नतीजों का दावा किया
अमेरिकी दवा कंपनियों मर्क और मोडर्ना ने बुधवार को बताया कि उनकी प्रयोगात्मक मेलानोमा वैक्सीन ने मौजूदा कैंसर इलाज के साथ मिलकर सांख्यिकीय रूप से महत्वपूर्ण सुधार दिखाया है। यह एमआरएनए आधारित कैंसर थेरेपी के लिए पहला सफल फेज 3 ट्रायल है।
दोनों कंपनियों के संयुक्त बयान के मुताबिक, इंटिसमेरान ऑटोजेन नाम की यह वैक्सीन मर्क के कीट्रूडा ट्रीटमेंट के साथ दी गई तो स्किन कैंसर के मरीजों में "सांख्यिकीय रूप से महत्वपूर्ण और चिकित्सीय दृष्टि से मायने रखने वाले सुधार" दिखे।
पहली एमआरएनए कैंसर थेरेपी की सफलता
ट्रायल के नतीजे कैंसर रिसर्च के लिए एक अहम मोड़ हैं। कंपनियों ने कहा, "यह किसी इंडिविजुअलाइज्ड नियोएंटीजन थेरेपी और एमआरएनए आधारित कैंसर थेरेपी के लिए पहला सकारात्मक फेज 3 नतीजा है।" इस सफलता में मेसेंजर आरएनए टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल हुआ है, वही प्लेटफॉर्म जो गंभीर कोविड-19 इंफेक्शन के खिलाफ बहुत कारगर साबित हुआ था।
इलाज कैसे काम करता है
बीमारी से बचाव के लिए बनाई गई सामान्य वैक्सीन के उलट, इंटिसमेरान ऑटोजेन एक थेरेप्यूटिक वैक्सीन है जो मौजूदा मेलानोमा का इलाज करती है। यह मरीज की इम्यून सिस्टम को ट्यूमर और दूसरे हमलावरों को निशाना बनाने की ट्रेनिंग देती है। यह पर्सनलाइज्ड तरीका हर मरीज के खास कैंसर प्रोफाइल के हिसाब से इलाज तैयार करता है।
मार्केट की प्रतिक्रिया
इस घोषणा पर वित्तीय बाजारों में तेज उछाल आया। बुधवार को न्यूयॉर्क में शुरुआती कारोबार में मोडर्ना के शेयर 90 फीसदी से ज्यादा उछलकर करीब 120 अमेरिकी डॉलर पर पहुंच गए। इसी खबर पर मर्क का स्टॉक 10 फीसदी चढ़ा।
सकारात्मक फेज 3 नतीजों से नियामक मंजूरी की राह खुल सकती है, हालांकि किसी भी कंपनी ने अनुमति मांगने की कोई समयसीमा नहीं बताई।
स्रोत: South China Morning Post
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
मर्क और मोडर्ना की वैक्सीन क्या है?
इंटिसमेरान ऑटोजेन एक थेरेप्यूटिक वैक्सीन है जो मेलानोमा (स्किन कैंसर) का इलाज करती है। यह मरीज की इम्यून सिस्टम को ट्यूमर को निशाना बनाने की ट्रेनिंग देती है और हर मरीज के खास कैंसर प्रोफाइल के हिसाब से पर्सनलाइज्ड इलाज देती है।
यह वैक्सीन कितनी सफल रही?
ट्रायल में यह वैक्सीन मर्क के कीट्रूडा ट्रीटमेंट के साथ दी गई तो मेलानोमा के मरीजों में सांख्यिकीय रूप से महत्वपूर्ण और चिकित्सीय दृष्टि से मायने रखने वाले सुधार दिखे। यह एमआरएनए आधारित कैंसर थेरेपी के लिए पहला सफल फेज 3 ट्रायल है।
एमआरएनए टेक्नोलॉजी क्या है?
यह मेसेंजर आरएनए की टेक्नोलॉजी है, जिसी प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कोविड-19 की वैक्सीन में भी किया गया था और वह बहुत कारगर साबित हुई थी।
इस घोषणा पर शेयर बाजार में क्या असर पड़ा?
इस खबर पर मोडर्ना के शेयर 90 फीसदी से ज्यादा उछलकर करीब 120 अमेरिकी डॉलर पर पहुंच गए, जबकि मर्क का स्टॉक 10 फीसदी चढ़ा।
यह इलाज बाजार में कब आएगा?
सकारात्मक फेज 3 नतीजों से नियामक मंजूरी की राह खुल सकती है, लेकिन अभी किसी भी कंपनी ने अनुमति मांगने की कोई समयसीमा नहीं बताई है।
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