स्कूल जाते बच्चे ई-रिक्शा से लटककर कर रहे खतरनाक सफर, चंदौसी का मामला
चंदौसी में ई-रिक्शा के पीछे लटककर स्कूल जा रहे बच्चे, बड़ा हादसा होने का खतरा चंदौसी में स्कूल जाने वाले बच्चों की एक खतरनाक लापरवाही कैमरे में कैद हो गई है।
चंदौसी में ई-रिक्शा के पीछे लटककर स्कूल जा रहे बच्चे, बड़ा हादसा होने का खतरा
चंदौसी में स्कूल जाने वाले बच्चों की एक खतरनाक लापरवाही कैमरे में कैद हो गई है। चंदौसी मुरादाबाद हाइवे के पास सेक्रेड हार्ट स्कूल के बच्चे ई-रिक्शा के पीछे अपने पैर सड़क की तरफ लटकाकर बैठे नजर आए हैं। यह वीडियो सुबह के समय का है जब बच्चे स्कूल जा रहे थे।
वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि चार स्कूली छात्र ई-रिक्शा के पीछे बैठे हुए हैं। सभी बच्चों ने सफेद यूनिफॉर्म पहनी हुई है और उनके स्कूल बैग ई-रिक्शा की छत पर रखे हुए हैं। ई-रिक्शा के पीछे किसी तरह का सपोर्ट या रेलिंग नहीं है, जिसके चलते जरा सा ब्रेक लगने या गड्ढा आने पर बच्चे सीधे सड़क पर गिर सकते हैं।
जिस सड़क पर यह वीडियो बना है, वहां बड़े ट्रक, पिकअप, ट्रैक्टर और बाइकों की लगातार आवाजाही होती रहती है। इसके बावजूद बच्चे मस्ती में हाथ हिलाते हुए जा रहे हैं और उन्हें खतरे का अंदाजा भी नहीं है।
बीते कुछ दिन पहले ही इसी इलाके में टेंपू और डंपर की टक्कर में 6 लोगों की जान चली गई थी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कई ई-रिक्शा चालक क्षमता से ज्यादा बच्चे बैठा लेते हैं और बच्चे भी जल्दीबाजी में पीछे लटक जाते हैं। स्थानीय लोगों ने कहा है कि अभिभावकों और स्कूल मैनेजमेंट को इस पर ध्यान देने की जरूरत है।
यह रिपोर्ट रजत मल्होत्रा ने भेजी है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
चंदौसी में स्कूली बच्चों के साथ क्या घटना हुई?
चंदौसी में सेक्रेड हार्ट स्कूल के बच्चे ई-रिक्शा के पीछे लटककर स्कूल जा रहे हैं। वीडियो में चार बच्चे दिख रहे हैं जो ई-रिक्शा के पीछे अपने पैर सड़क की तरफ लटकाए हुए बैठे हैं। ई-रिक्शा के पीछे कोई रेलिंग या सपोर्ट नहीं है, जिससे किसी भी समय बच्चे गिर सकते हैं।
यह जगह खतरनाक क्यों है?
चंदौसी मुरादाबाद हाइवे पर इस सड़क पर बड़े ट्रक, पिकअप, ट्रैक्टर और बाइकों की लगातार आवाजाही होती है। इसके अलावा बीते कुछ दिन पहले इसी इलाके में टेंपू और डंपर की टक्कर में 6 लोगों की जान चली गई थी।
ई-रिक्शा में बच्चों को इस तरह बैठने में क्या समस्या है?
ई-रिक्शा के पीछे कोई सपोर्ट नहीं है। अगर अचानक ब्रेक लगे या गड्ढा आए तो बच्चे सीधे सड़क पर गिर सकते हैं। साथ ही, ई-रिक्शा चालक क्षमता से ज्यादा बच्चों को बैठा लेते हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार इस समस्या का समाधान क्या है?
स्थानीय लोगों का कहना है कि अभिभावकों और स्कूल मैनेजमेंट को इस पर गंभीरता से ध्यान देने की जरूरत है। साथ ही बच्चों को भी समझाना चाहिए कि इस तरह ई-रिक्शा के पीछे लटकना कितना खतरनाक है।
सबसे ज़्यादा पढ़ी गई
- 1
बहराइच में महिला की अश्लील तस्वीरों से ब्लैकमेल कर पांच लाख रुपये वसूलने वाला …
- 2
भाजपा ने निष्कासित नेता की सपा एंट्री पर अखिलेश यादव को घेरा
- 3
गणेश प्रतिमा विसर्जन से पहले बहराइच में डीएम-एसपी ने सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा
- 4
बहराइच: भावुक सुसाइड नोट लिखकर की युवक ने की आत्महत्या
- 5
थाना रुपईडीहा क्षेत्र में शातिर अपराधियों से हुई रूपईडीहा पुलिस की मुठभेड़।
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।