पलक्कड़ रेल डिवीजन विवाद पर सीपीआई और कांग्रेस में तीखी नोकझोंक
पलक्कड़ रेल डिवीजन बंटवारे को लेकर सीपीआई(एम) और कांग्रेस के बीच तीखी नोकझोंक। सुरेश बाबू ने श्रीकंदन को दिल्ली में भूख हड़ताल की चुनौती दी।
सीपीआई(एम), कांग्रेस नेताओं में रेल डिवीजन बंटवारे को लेकर तीखी नोकझोंक
पलक्कड़ रेल डिवीजन विवाद, दिल्ली में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल की चुनौती
सीपीआई(एम) के जिला सचिव ई.एन. सुरेश बाबू ने कांग्रेस सांसद वी.के. श्रीकंदन को चुनौती दी है कि अगर वो सच में पलक्कड़ रेल डिवीजन से मंगलुरु के ट्रांसफर का विरोध करना चाहते हैं तो दिल्ली में रेलवे मंत्रालय के सामने अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल करें।
यह चुनौती पलक्कड़ रेलवे डिवीजन के बंटवारे की प्रस्तावित योजना को लेकर आई है जिसने दोनों पार्टियों के बीच राजनीतिक जंग छेड़ दी है। सुरेश बाबू ने कांग्रेस से केंद्र के खिलाफ मजबूत आंदोलन शुरू करने को भी कहा है।
सांसद ने दिया करारा जवाब, सीपीआई(एम) पर बीजेपी से डरने का लगाया आरोप
श्रीकंदन ने चुनौती को खारिज करते हुए कहा कि जिनमें विरोध करने की हिम्मत है वो उन्हें निशाना बनाने की बजाय बीजेपी का सामना करें। उन्होंने सीपीआई(एम) नेताओं पर बीजेपी से डरने का आरोप लगाया और कहा कि वो केंद्र के खिलाफ विरोध करने की बजाय उन पर हमला कर रहे हैं।
कांग्रेस सांसद ने यह भी आरोप लगाया कि सीपीआई(एम) पलक्कड़ में रेलवे के विकास को लेकर लोगों को गुमराह करने की कोशिश कर रही है।
बीजेपी ने दोनों धड़ों को घेरा, राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप पर साधा निशाना
बीजेपी ने इस मुद्दे पर आरोप-प्रत्यारोप को लेकर कांग्रेस और सीपीआई(एम) दोनों की आलोचना की। पार्टी ने कहा कि दोनों धड़े केंद्र के फैसले के पीछे के तथ्यों को समझाने की बजाय इस मामले को राजनीतिक विवाद में बदलने की कोशिश कर रहे हैं।
डिवीजन के खिलाफ विरोध जारी रहने के साथ, रेलवे का मुद्दा राज्य में राजनीतिक पार्टियों के बीच टकराव का एक नया मुद्दा बनकर उभर रहा है।
स्रोत: The Hindu
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
पलक्कड़ रेल डिवीजन का क्या विवाद है?
पलक्कड़ रेल डिवीजन को मंगलुरु के साथ ट्रांसफर करने की योजना को लेकर विवाद है। इस बंटवारे को लेकर सीपीआई(एम) और कांग्रेस पार्टी में तीखी नोकझोंक चल रही है।
सीपीआई(एम) ने कांग्रेस सांसद को क्या चुनौती दी है?
सीपीआई(एम) के जिला सचिव ई.एन. सुरेश बाबू ने कांग्रेस सांसद वी.के. श्रीकंदन को चुनौती दी कि अगर वो सच में विरोध करना चाहते हैं तो दिल्ली में रेलवे मंत्रालय के सामने अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल करें।
श्रीकंदन ने सीपीआई(एम) के आरोप का क्या जवाब दिया?
श्रीकंदन ने कहा कि जिनमें विरोध की हिम्मत है वो बीजेपी का सामना करें और उन्हें निशाना बनाने की जगह केंद्र के खिलाफ लड़ें। उन्होंने सीपीआई(एम) पर बीजेपी से डरने का आरोप लगाया।
बीजेपी इस मुद्दे पर क्या कह रही है?
बीजेपी ने दोनों पार्टियों की आलोचना की और कहा कि वो केंद्र के फैसले के पीछे के तथ्यों को समझाने की बजाय इसे राजनीतिक विवाद में बदलने की कोशिश कर रहे हैं।
सबसे ज़्यादा पढ़ी गई
- 1
बहराइच के स्कूल में पेड़ काटने की तैयारी, पर्यावरण नीति पर सवाल
- 2
आयुष्मान कार्ड में गलतियां सुधारना हुआ आसान, नया पोर्टल शुरू
- 3
बहराइच में एसपी ने जनता दर्शन के दौरान सुनीं सभी शिकायतें
- 4
बहराइच में 90 हजार क्विंटल चीनी के स्टॉक की जांच, कालाबाजारी पर सरकार सख्त
- 5
बहराइच की बाढ़ से प्रभावित इलाकों का जायजा लेने पहुंचे मंत्री दिनेश प्रताप सिंह
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।