अयोध्या के राम मंदिर में दान की चोरी के मामले में 3 शिकायतें दर्ज हुई हैं, लेकिन अभी तक कोई FIR नहीं हुई है।
SIT ने मंदिर पहुंचकर जांच शुरू की और अब तक 2 करोड़ रुपये की रिकवरी की है।
अयोध्या के राम मंदिर में दान की चोरी के मामले में 3 शिकायतें दर्ज हुई हैं, लेकिन अभी तक कोई FIR नहीं हुई है।
SIT ने मंदिर पहुंचकर जांच शुरू की और अब तक 2 करोड़ रुपये की रिकवरी की है।

SIT team investigating the alleged donation theft at Ayodhya · NewsDarpan AI
अयोध्या के राम मंदिर में दान की चोरी के मामले में मंगलवार को 3 शिकायतें पुलिस के पास पहुंची। पहली शिकायत धर्मसेना के संस्थापक संतोष दुबे ने की, दूसरी यूपी युवा कांग्रेस के उपाध्यक्ष शरद शुक्ला ने, और तीसरी करणी सेना ने दर्ज कराई। हालांकि, पुलिस ने अभी तक कोई FIR दर्ज नहीं की है।
मंगलवार सुबह 11 बजे स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने मंदिर पहुंचकर जांच शुरू की। अयोध्या के डीएम शशांक त्रिपाठी और एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर भी टीम के साथ मौजूद थे। SIT ने सोमवार को मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्ट के सदस्य गोपाल राव से पूछताछ की। इसके अलावा, 42 संदिग्ध कर्मचारियों से भी पूछताछ की गई।
करणी सेना के प्रदेश अध्यक्ष अभिनव सिंह ने इस चोरी को 'हिंदुत्व की हत्या' बताया और दोषियों को जेल भेजने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर FIR दर्ज नहीं हुई और आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई, तो करणी सेना विरोध प्रदर्शन करेगी।
SIT ने मंदिर के सुरक्षा अधिकारियों से यह भी पूछा कि कर्मचारियों की मंदिर से बाहर जाते समय जांच होती थी या नहीं। जांच में पता चला कि प्रवेश के समय तो चेकिंग होती थी, लेकिन बाहर निकलते समय कोई जांच नहीं होती थी।
अब तक दान चोरी के मामले में 5 लोगों के नाम सामने आए हैं: लवकुश, अवनीश, अनुकल्प, करुणे और रामशंकर। इनकी निशानदेही पर अब तक 2 करोड़ रुपये की रिकवरी हो चुकी है। लवकुश और अनुकल्प पुलिस कस्टडी में हैं।