News Darpan भारत का डिजिटल दर्पण
ताज़ा
मुरैना में खेत की मेड़ विवाद के बाद युवक की मौत, चार घायलमधुबनी में गड्ढे में जाने के बाद बोलेरो पलटी, पुलिस चालक की मौतसीवान में चाय विवाद में 75 वर्षीय बुजुर्ग की हत्या की खबरबच्चों के विवाद में युवक की हत्या, आरोपी गिरफ्तार; कुल्हाड़ी बरामदशामली में तेज रफ्तार स्कॉर्पियो पलटी, चालक समेत दो युवकों की मौतशामली में विवाद सुलझाने पहुंची डायल 112 गाड़ी पर पथराव, चालक घायलग्वालियर GRMC में कथित मारपीट के विरोध में जूनियर डॉक्टरों की हड़तालबेटी के इलाज को तीन दिन भटके पिता, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप
Business General

चीन की मांग घटने से अमेरिकी सोयाबीन किसान नए बाजारों की तलाश में

चीन की मांग घटने से परेशान अमेरिकी सोयाबीन किसान नए खरीदार और बायोफ्यूल की तरफ रुख कर रहे हैं चीन से एक्सपोर्ट में भारी गिरावट के चलते अमेरिकी सोयाबीन किसान अब दूसरे बाजारों और तेजी से बढ़ रहे

चीन की मांग घटने से अमेरिकी सोयाबीन किसान नए बाजारों की तलाश में
News Darpan AI image

चीन से एक्सपोर्ट में भारी गिरावट के चलते अमेरिकी सोयाबीन किसान अब दूसरे बाजारों और तेजी से बढ़ रहे बायोफ्यूल इंडस्ट्री की तरफ ध्यान दे रहे हैं। अमेरिकन सोयाबीन एसोसिएशन के चीफ इकोनॉमिस्ट स्कॉट गर्ल्ट के मुताबिक, चीन, जो अब तक अमेरिकी सोयाबीन का सबसे बड़ा खरीदार था, इस बार पिछले साल की फसल से सिर्फ 1.2 करोड़ टन सोयाबीन इंपोर्ट करेगा। यह आंकड़ा आमतौर पर खरीदी जाने वाली मात्रा का आधा है।

नए बाजारों की तलाश

चीन की खरीद में कमी नवंबर में हुए उस समझौते के बाद आई है जिसमें 2028 तक हर साल कम से कम 2.5 करोड़ टन अमेरिकी सोयाबीन खरीदने की बात कही गई थी। लेकिन मौजूदा आंकड़े उम्मीद से काफी कम हैं, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। गर्ल्ट ने बताया कि किसानों ने दूसरे विदेशी खरीदारों को सोयाबीन बेचना शुरू कर दिया है और घरेलू बायोफ्यूल की बढ़ती मांग का फायदा उठा रहे हैं। इससे चीन की घटती खरीद का असर काफी हद तक कम हुआ है और प्रोडक्शन में मामूली गिरावट ही आई है।

बायोफ्यूल इंडस्ट्री बनी सहारा

बायोफ्यूल सेक्टर अमेरिकी सोयाबीन के लिए एक अहम बाजार बनकर उभरा है। रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स और क्लीनर फ्यूल को बढ़ावा देने वाले फेडरल नियमों से इसकी मांग बढ़ रही है। यह बदलाव कृषि बाजारों में चल रहे उस ट्रेंड से मेल खाता है, जहां किसान पारंपरिक तरीकों से हटकर नए विकल्प तलाश रहे हैं ताकि मुनाफा बनाए रखा जा सके।

चुनौतियों के बावजूद स्थिर उत्पादन

चीन की मांग में कमी के बावजूद, मिडवेस्ट में 8.36 करोड़ एकड़ से ज्यादा जमीन पर सोयाबीन उगाने वाले अमेरिकी किसानों ने प्रोडक्शन लेवल में ज्यादा बदलाव नहीं देखा है। यह दिखाता है कि यह सेक्टर कितनी जल्दी खुद को बदलते हालात के मुताबिक ढाल सकता है।

बदलते व्यापार समीकरण यह साबित करते हैं कि अमेरिकी कृषि क्षेत्र के लिए विविधता कितनी जरूरी है, खासकर जब भू-राजनीतिक और आर्थिक बदलावों से प्रमुख फसलों की वैश्विक मांग प्रभावित हो रही है।

स्रोत: South China Morning Post

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चीन की मांग घटने से अमेरिकी सोयाबीन किसानों को क्या समस्या हो रही है?

चीन से एक्सपोर्ट में भारी गिरावट के चलते अमेरिकी सोयाबीन किसान नए खरीदार और बायोफ्यूल की तरफ रुख कर रहे हैं।

चीन ने इस साल कितनी मात्रा में सोयाबीन इंपोर्ट करने का अनुमान लगाया है?

चीन इस बार पिछले साल की फसल से सिर्फ 1.2 करोड़ टन सोयाबीन इंपोर्ट करेगा, जो आमतौर पर खरीदी जाने वाली मात्रा का आधा है।

बायोफ्यूल इंडस्ट्री अमेरिकी सोयाबीन किसानों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है?

बायोफ्यूल सेक्टर अमेरिकी सोयाबीन के लिए एक अहम बाजार बनकर उभरा है, क्योंकि रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स और क्लीनर फ्यूल को बढ़ावा देने वाले फेडरल नियमों से इसकी मांग बढ़ रही है।

क्या अमेरिकी किसानों ने उत्पादन स्तर में कोई बड़ा बदलाव देखा है?

चीन की मांग में कमी के बावजूद, अमेरिकी किसानों ने प्रोडक्शन लेवल में ज्यादा बदलाव नहीं देखा है।

अमेरिकी कृषि क्षेत्र के लिए विविधता क्यों जरूरी है?

बदलते व्यापार समीकरण यह साबित करते हैं कि अमेरिकी कृषि क्षेत्र के लिए विविधता कितनी जरूरी है, खासकर जब भू-राजनीतिक और आर्थिक बदलावों से प्रमुख फसलों की वैश्विक मांग प्रभावित हो रही है।

सबसे ज़्यादा पढ़ी गई

  1. 1

    श्रावस्ती में सपा बैठक में हंगामा, नेता का माइक छीनने का आरोप

  2. 2

    शामली में 50 से ज्यादा दुकानों के नाम कथित फर्जी बिल, लाखों भुगतान

  3. 3

    शामली महिला का रिश्तेदारों पर 15 लाख के जेवर ले जाने का आरोप

  4. 4

    हाथरस में आयुष्मान संविदा कर्मियों ने सौंपा ज्ञापन, 22 अक्टूबर से कार्य बहिष्कार की …

  5. 5

    गन्ने की फसल नुकसान और मारपीट के आरोप, डीएम से जांच की मांग

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।

टिप्पणियाँ समीक्षा के बाद प्रकाशित होती हैं।