News Darpan भारत का डिजिटल दर्पण
ताज़ा
मुरैना में खेत की मेड़ विवाद के बाद युवक की मौत, चार घायलमधुबनी में गड्ढे में जाने के बाद बोलेरो पलटी, पुलिस चालक की मौतसीवान में चाय विवाद में 75 वर्षीय बुजुर्ग की हत्या की खबरबच्चों के विवाद में युवक की हत्या, आरोपी गिरफ्तार; कुल्हाड़ी बरामदशामली में तेज रफ्तार स्कॉर्पियो पलटी, चालक समेत दो युवकों की मौतशामली में विवाद सुलझाने पहुंची डायल 112 गाड़ी पर पथराव, चालक घायलग्वालियर GRMC में कथित मारपीट के विरोध में जूनियर डॉक्टरों की हड़तालबेटी के इलाज को तीन दिन भटके पिता, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप
National General अलीगढ़

ट्यूशन के बहाने 700 किलोमीटर दूर जौनपुर निकले दो भाई, पुलिस ने बचाया

अलीगढ़ में घर से ट्यूशन जाने की बात कहकर निकले कक्षा छह और कक्षा तीन में पढ़ने वाले दो भाई साइकिल से करीब 700 किलोमीटर दूर जौनपुर जाने के लिए निकल पड़े।

ट्यूशन के बहाने 700 किलोमीटर दूर जौनपुर निकले दो भाई, पुलिस ने बचाया
Image credit: News Darpan Team

अलीगढ़ में घर से ट्यूशन जाने की बात कहकर निकले कक्षा छह और कक्षा तीन में पढ़ने वाले दो भाई साइकिल से करीब 700 किलोमीटर दूर जौनपुर जाने के लिए निकल पड़े। मां की डांट और पिता के गुस्से के डर से दोनों बच्चों ने घर छोड़ने का फैसला किया था। हाथरस के सिकंदराराऊ में हाईवे पर साइकिल से जा रहे दोनों भाइयों पर एक ट्रक चालक की नजर पड़ी। बच्चों को अकेले देखकर उसे शक हुआ और उसने सिकंदराराऊ कोतवाली पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने दोनों बच्चों को सुरक्षित अपने संरक्षण में लिया और बाद में उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया।

दोनों बच्चों की पहचान 13 वर्षीय अभिनव मिश्रा और 7 वर्षीय अक्षत मिश्रा के रूप में हुई है। अभिनव कक्षा छह में पढ़ता है, जबकि अक्षत कक्षा तीन का छात्र है। अभिनव सेंट्स जोन्स स्कूल में कक्षा छह का छात्र है। दोनों भाई अलीगढ़ के क्वार्सी थाना क्षेत्र में रहने वाले इंजीनियर अभिषेक मिश्रा और खुशबू मिश्रा के बेटे हैं।

बताया गया है कि शनिवार को स्कूल से घर लौटने के बाद घर में रखे कुछ रुपये नहीं मिलने को लेकर मां ने दोनों बच्चों को डांटा था। उन रुपयों से कार खरीदने की बात भी सामने आई थी। मां की डांट के बाद दोनों बच्चों को डर था कि शाम को जब पापा घर आएंगे तो उन्हें भी डांट पड़ेगी। इसी डर के चलते दोनों भाइयों ने घर छोड़कर जौनपुर जाने का फैसला किया।

दोपहर करीब तीन बजे दोनों बच्चे ट्यूशन जाने की बात कहकर घर से निकले। हालांकि, वे ट्यूशन जाने के बजाय अपनी साइकिल लेकर जौनपुर की ओर चल पड़े। जौनपुर में उनके दादा-दादी का घर है। दोनों बच्चे अलीगढ़ से करीब 700 किलोमीटर दूर जौनपुर जाने के लिए निकले थे। उन्हें अंदाजा नहीं था कि जिस रास्ते पर वे साइकिल लेकर चल रहे हैं, वह सफर उनके लिए कितना लंबा और मुश्किल हो सकता है।

घर से निकलने के बाद दोनों भाई हाईवे पर साइकिल चलाते हुए जा रहे थे। इसी दौरान एक ट्रक चालक की नजर उन पर पड़ी। बच्चों की उम्र कम थी और वे हाईवे पर अकेले साइकिल से जा रहे थे। इस वजह से ट्रक चालक को उनकी स्थिति पर शक हुआ। उसने देर किए बिना सिकंदराराऊ कोतवाली पुलिस को सूचना दी।

ट्रक चालक से सूचना मिलने के बाद सिकंदराराऊ पुलिस सक्रिय हुई। पुलिस ने कासगंज रोड स्थित सरदला पुल के पास फ्लाईओवर से दोनों भाइयों को सुरक्षित अपने संरक्षण में ले लिया। इसके बाद दोनों बच्चों को थाने लाया गया। पुलिस ने उन्हें चाय-नाश्ता कराया और प्यार से समझाया।

पुलिस ने बच्चों से जानकारी लेने के बाद उनके परिजनों को सूचना दी। परिजनों को बताया गया कि दोनों बच्चे सुरक्षित मिल गए हैं और पुलिस के संरक्षण में हैं। बच्चों के घर से निकल जाने के बाद परिवार के लोग परेशान थे। दोनों के सुरक्षित मिलने की खबर से माता-पिता ने राहत की सांस ली।

रात करीब साढ़े नौ बजे पिता अभिषेक मिश्रा सिकंदराराऊ कोतवाली पहुंचे। इसके बाद पुलिस ने दोनों बच्चों को उनके पिता के सुपुर्द कर दिया। पिता दोनों बच्चों को लेकर अलीगढ़ लौट गए।

ट्रक चालक की सतर्कता और सिकंदराराऊ पुलिस की तत्परता से दोनों भाई सुरक्षित अपने परिवार तक पहुंच गए। हाईवे पर दोनों बच्चों का अकेले साइकिल से इतना लंबा सफर करना उनके लिए बड़े खतरे का कारण बन सकता था। समय रहते ट्रक चालक ने उन्हें देख लिया और पुलिस को सूचना दे दी, जिसके बाद पुलिस ने दोनों को सुरक्षित अपने संरक्षण में ले लिया।

इस घटना में बच्चों के घर से निकलने की वजह डांट और डर बताई गई है। रुपयों को लेकर मां की डांट के बाद दोनों भाइयों को पिता की डांट का भी डर था। इसी वजह से उन्होंने घर पर यह बताने के बजाय कि वे जौनपुर जा रहे हैं, ट्यूशन जाने की बात कही और साइकिल लेकर निकल पड़े।

यह घटना अभिभावकों के लिए भी एक सीख है। बच्चों को अनुशासन सिखाना जरूरी है, लेकिन उनके मन में बैठे डर और उनकी भावनाओं को समझना भी उतना ही जरूरी है। बच्चों से प्यार और धैर्य के साथ बातचीत करने से ऐसी परिस्थितियों को टाला जा सकता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दोनों भाई घर से कहां जाने के लिए निकले थे?

दोनों भाई साइकिल से करीब 700 किलोमीटर दूर जौनपुर जाने के लिए निकले थे।

बच्चों ने घर छोड़ने का फैसला क्यों किया?

मां की डांट और पिता के गुस्से के डर से दोनों बच्चों ने घर छोड़ने का फैसला किया था।

पुलिस को दोनों बच्चों के बारे में कैसे पता चला?

हाईवे पर बच्चों को अकेले साइकिल चलाते देखकर एक ट्रक चालक को शक हुआ और उसने सिकंदराराऊ कोतवाली पुलिस को सूचना दी।

पुलिस ने बच्चों को कहां से सुरक्षित बरामद किया?

पुलिस ने कासगंज रोड स्थित सरदला पुल के पास फ्लाईओवर से दोनों भाइयों को सुरक्षित अपने संरक्षण में लिया।

बच्चों को बाद में किसके सुपुर्द किया गया?

पुलिस ने रात करीब साढ़े नौ बजे उनके पिता अभिषेक मिश्रा के पहुंचने के बाद दोनों बच्चों को उनके सुपुर्द कर दिया।

सबसे ज़्यादा पढ़ी गई

  1. 1

    श्रावस्ती में सपा बैठक में हंगामा, नेता का माइक छीनने का आरोप

  2. 2

    शामली में 50 से ज्यादा दुकानों के नाम कथित फर्जी बिल, लाखों भुगतान

  3. 3

    शामली महिला का रिश्तेदारों पर 15 लाख के जेवर ले जाने का आरोप

  4. 4

    गन्ने की फसल नुकसान और मारपीट के आरोप, डीएम से जांच की मांग

  5. 5

    हाथरस में आयुष्मान संविदा कर्मियों ने सौंपा ज्ञापन, 22 अक्टूबर से कार्य बहिष्कार की …

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।

टिप्पणियाँ समीक्षा के बाद प्रकाशित होती हैं।