श्रावस्ती में गंगीय डॉल्फिन और मगरमच्छों के संरक्षण पर जनजागरूकता अभियान
श्रावस्ती के ककरदरी में जलीय जीवों के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन को बनाए रखने के लिए एक विशेष जन जागरूकता अभियान चलाया गया।
श्रावस्ती के ककरदरी में जलीय जीवों के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन को बनाए रखने के लिए एक विशेष जन जागरूकता अभियान चलाया गया। प्रभागीय वनाधिकारी श्रावस्ती के निर्देशों पर बुधवार को यह अभियान शुरू किया गया, जिसमें गंगीय डॉल्फिन और मगरमच्छों के संरक्षण पर फोकस रखा गया।
ककरदरी रेंज के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत रामपुर जब्दी में वन विभाग की टीम ने चौपाल लगाई। इस दौरान ग्रामीणों को गंगीय डॉल्फिन और मगरमच्छों के महत्व और उनके संरक्षण के उपायों के बारे में जागरूक किया गया।
कार्यक्रम में वन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने स्थानीय ग्रामीणों तथा गणमान्य नागरिकों के साथ संवाद किया। वन रक्षक शेषमणि मिश्रा ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि गंगीय डॉल्फिन और मगरमच्छ न केवल हमारी नदियों की पहचान हैं, बल्कि ये जल पारिस्थितिकी को स्वच्छ और संतुलित रखने में अहम भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि नदियों में किसी भी तरह के अवैध शिकार, घातक जाल के इस्तेमाल या जलीय जीवों को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों से बचें। उन्होंने कहा कि ऐसी किसी भी घटना की सूचना तत्काल वन विभाग को दें।
ग्राम प्रधान मैनुद्दीन अंसारी ने वन विभाग की इस पहल की तारीफ करते हुए कहा कि रामपुर जब्दी के ग्रामीण जलीय जीवों की सुरक्षा में पूरा सहयोग देंगे। उन्होंने कहा कि नदियों की स्वच्छता और इन दुर्लभ जीवों की रक्षा करना पूरे समाज की साझी जिम्मेदारी है।
इस जागरूकता कार्यक्रम में वन रक्षक शेषमणि मिश्रा, ग्राम प्रधान मैनुद्दीन अंसारी, दैनिक श्रमिक लालजी यादव सहित वन विभाग के अन्य कर्मचारी, स्थानीय गणमान्य नागरिक और भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में गंगीय डॉल्फिन और मगरमच्छों के संरक्षण का संकल्प लिया।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
श्रावस्ती में यह जागरूकता अभियान किस बारे में था?
यह अभियान गंगीय डॉल्फिन और मगरमच्छों के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन को बनाए रखने के लिए ककरदरी में चलाया गया। वन विभाग की टीम ने ग्रामीणों को इन जलीय जीवों के महत्व के बारे में जागरूक किया।
गंगीय डॉल्फिन और मगरमच्छ हमारे लिए क्यों जरूरी हैं?
ये न केवल हमारी नदियों की पहचान हैं, बल्कि जल पारिस्थितिकी को स्वच्छ और संतुलित रखने में बहुत अहम भूमिका निभाते हैं।
लोगों को किन गतिविधियों से बचने के लिए कहा गया?
वन रक्षक शेषमणि मिश्रा ने ग्रामीणों से अपील की कि नदियों में अवैध शिकार, घातक जाल के इस्तेमाल या जलीय जीवों को नुकसान पहुंचाने वाली किसी भी गतिविधि से बचें।
अगर कोई ऐसी घटना देखे तो क्या करना चाहिए?
ऐसी किसी भी घटना की सूचना तुरंत वन विभाग को देनी चाहिए।
सबसे ज़्यादा पढ़ी गई
- 1
बहराइच में महिला की अश्लील तस्वीरों से ब्लैकमेल कर पांच लाख रुपये वसूलने वाला …
- 2
भाजपा ने निष्कासित नेता की सपा एंट्री पर अखिलेश यादव को घेरा
- 3
बहराइच: भावुक सुसाइड नोट लिखकर की युवक ने की आत्महत्या
- 4
गणेश प्रतिमा विसर्जन से पहले बहराइच में डीएम-एसपी ने सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा
- 5
थाना रुपईडीहा क्षेत्र में शातिर अपराधियों से हुई रूपईडीहा पुलिस की मुठभेड़।
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।