रिटायर्ड कर्नल ने बंजर जमीन को बनाया हरा-भरा खेत
‘जय जवान-जय किसान’ की मिसाल: पूर्व आर्मी अफसर ने बंजर जमीन को बनाया हरा-भरा खेत प्रयागराज: उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में एक रिटायर्ड आर्मी अफसर ने ‘जय जवान-जय किसान’ की सोच को हकीकत में बदल दिया
फतेहपुर जिले में एक रिटायर्ड आर्मी अफसर ने 'जय जवान-जय किसान' की मिसाल पेश करते हुए बंजर जमीन को हरे-भरे खेत में बदल दिया है। अलिपुर जीता गांव के रहने वाले कर्नल (रिटायर्ड) धर्मपाल प्रजापति ने सेना में 36 साल की सेवा के बाद खेती को अपना नया मिशन बना लिया।
धर्मपाल प्रजापति ने जून 2011 में रिटायर होने के बाद फतेहपुर के बुधवान गांव के पास 16 बीघा बंजर जमीन खरीदी। उन्होंने ठान लिया कि इस जमीन को उपजाऊ बनाकर दिखाएंगे। उन्होंने नेशनल हॉर्टिकल्चर मिशन के तहत 2,000 वर्ग मीटर का पॉलीहाउस तैयार किया और गेरबेरा फूलों की खेती शुरू की। आज उनके फूल वाराणसी, लखनऊ और अन्य बड़े शहरों के बाजारों में सप्लाई किए जाते हैं, जिससे उनकी अच्छी आमदनी हो रही है।
प्रजापति ने बताया कि खेती में नई तकनीकों और प्रोटेक्टेड हॉर्टिकल्चर का इस्तेमाल उनकी सफलता का राज है। उनकी मेहनत और दूरदर्शिता ने न सिर्फ उनकी जमीन को उपजाऊ बनाया, बल्कि इलाके के कई युवा किसानों को भी प्रेरित किया है। अब कई किसान पॉलीहाउस और प्रोटेक्टेड खेती की ओर रुख कर रहे हैं।
धर्मपाल प्रजापति की इस पहल ने साबित कर दिया है कि अगर सही सोच और मेहनत हो, तो बंजर जमीन को भी सोना उगाने लायक बनाया जा सकता है। उनकी कहानी न सिर्फ किसानों के लिए प्रेरणा है, बल्कि देश के हर नागरिक को यह सिखाती है कि रिटायरमेंट के बाद भी समाज के लिए बड़ा योगदान दिया जा सकता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
कौन है जिसने बंजर जमीन को हरा-भरा खेत बनाया?
यह काम रिटायर्ड कर्नल धर्मपाल प्रजापति ने किया है।
धर्मपाल प्रजापति ने बंजर जमीन पर क्या खेती शुरू की?
उन्होंने गेरबेरा फूलों की खेती शुरू की।
धर्मपाल प्रजापति ने बंजर जमीन को उपजाऊ बनाने के लिए क्या किया?
उन्होंने 16 बीघा बंजर जमीन खरीदी और नेशनल हॉर्टिकल्चर मिशन के तहत पॉलीहाउस तैयार किया।
धर्मपाल प्रजापति की सफलता का राज क्या है?
नई तकनीकों और प्रोटेक्टेड हॉर्टिकल्चर का इस्तेमाल उनकी सफलता का राज है।
धर्मपाल प्रजापति की कहानी से क्या सीख मिलती है?
यह कहानी सिखाती है कि सही सोच और मेहनत से बंजर जमीन को भी उपजाऊ बनाया जा सकता है।
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