पीएम मोदी ने विजयवाड़ा उत्सव 2.0 की सराहना की
पीएम मोदी ने विजयवाड़ा उत्सव 2.0 की सराहना की। उन्होंने सांस्कृतिक विरासत, पर्यटन, कौशल विकास और स्थानीय कलाकारों के अवसरों पर जोर दिया।
प्रधानमंत्री मोदी ने सांस्कृतिक विरासत और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विजयवाड़ा उत्सव 2.0 की सराहना की
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विजयवाड़ा उत्सव के दूसरे संस्करण के आयोजन के लिए आंध्र प्रदेश सरकार, मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू और विजयवाड़ा के लोगों की सराहना की है।
उत्सव के मौके पर लिखे एक पत्र में श्री मोदी ने विजयवाड़ा के सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और आर्थिक महत्व को सामने रखा।
शहर की पहचान से जुड़ी विरासत
श्री मोदी ने कहा कि आंध्र प्रदेश के आर्थिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक जीवन में विजयवाड़ा की एक खास जगह है।
उन्होंने कहा कि शहर की समृद्ध विरासत पवित्र कृष्णा नदी और श्रद्धा के केंद्र श्री कनक दुर्गा मंदिर से जुड़ी हुई है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि किसी शहर की संस्कृति तब कायम रहती है, जब वहां के लोग अपनी परंपराओं से जुड़े रहते हैं और उन्हें आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाते हैं।
उनकी बातों से यह साफ हुआ कि इस उत्सव को विजयवाड़ा की सांस्कृतिक पहचान को वहां के लोगों की जिंदगी से जोड़े रखने की एक बड़ी कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
कलाकारों और उद्यमियों के लिए मौके
विजयवाड़ा उत्सव को एक अहम पहल बताते हुए श्री मोदी ने कहा कि इससे क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को रोजमर्रा की जिंदगी से जोड़ने का मौका मिलता है।
उन्होंने यह भी कहा कि इस उत्सव से स्थानीय कलाकारों और उद्यमियों के लिए नए रास्ते खुलते हैं।
प्रधानमंत्री के मुताबिक, यह कार्यक्रम क्षेत्र में पर्यटन को नई रफ्तार देगा।
उत्सव में कौशल विकास पर दिए गए जोर पर भी उन्होंने संतोष जताया।
श्री मोदी ने उन पहलों की अहमियत पर जोर दिया, जिनमें सांस्कृतिक विरासत को बचाने के साथ-साथ आर्थिक मौके भी जुड़े हों।
उनके पत्र में बताए गए इस नजरिए के मुताबिक, स्थानीय परंपराओं की हिफाजत के साथ सांस्कृतिक और कारोबारी क्षेत्रों में काम कर रहे लोगों को भी सहारा दिया जाता है।
विकास और सांस्कृतिक पहचान के बीच संतुलन
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत विकसित राष्ट्र के विजन की ओर आगे बढ़ रहा है। ऐसे में शहरों को अपनी खास सांस्कृतिक पहचान को जिंदा रखते हुए विकास करना जरूरी है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि विजयवाड़ा उत्सव जैसे कार्यक्रम इस लक्ष्य को हासिल करने में अहम भूमिका निभाते हैं।
श्री मोदी के मुताबिक, ऐसे कार्यक्रम लोगों को उनकी विरासत से जोड़ते हैं। साथ ही, वे स्थानीय प्रतिभाओं और कारोबार को भी सहारा देते हैं।
उन्होंने उत्सव से जुड़े सभी लोगों को अपनी शुभकामनाएं दीं।
श्री मोदी ने यह उम्मीद भी जताई कि यह कार्यक्रम विजयवाड़ा के लोगों और उनकी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के बीच के रिश्ते को और मजबूत करेगा।
स्रोत: The Hindu
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
पीएम मोदी ने विजयवाड़ा उत्सव 2.0 की सराहना क्यों की?
उन्होंने सांस्कृतिक विरासत और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए उत्सव की सराहना की।
विजयवाड़ा उत्सव 2.0 से किन लोगों को फायदा होगा?
इससे स्थानीय कलाकारों और उद्यमियों के लिए नए मौके खुलेंगे।
विजयवाड़ा उत्सव का पर्यटन पर क्या असर पड़ेगा?
पीएम मोदी के मुताबिक, यह कार्यक्रम क्षेत्र में पर्यटन को नई रफ्तार देगा।
विजयवाड़ा की सांस्कृतिक पहचान किन चीजों से जुड़ी है?
विजयवाड़ा की विरासत पवित्र कृष्णा नदी और श्री कनक दुर्गा मंदिर से जुड़ी है।
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