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चीन का पेरोव्स्काइट सोलर फार्म, सिलिकॉन से ज्यादा बिजली पैदा करता है

चीन का 1MW पेरोव्स्काइट सोलर फार्म सिलिकॉन सिस्टम से बेहतर साबित चीन के 1 मेगावाट पेरोव्स्काइट सोलर फार्म ने एक इंडस्ट्रियल ट्रायल में पारंपरिक सिलिकॉन सिस्टम से ज्यादा बिजली पैदा की है।

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चीन के 1 मेगावाट पेरोव्स्काइट सोलर फार्म ने एक इंडस्ट्रियल ट्रायल में पारंपरिक सिलिकॉन सिस्टम से ज्यादा बिजली पैदा की है। यह सोलर टेक्नोलॉजी के विकास में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। यह रिपोर्ट पिछले बुधवार को नेचर में पब्लिश हुई, जिसमें दिखाया गया कि पेरोव्स्काइट पैनल कम लागत और ज्यादा एफिशिएंसी के साथ रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर में क्रांति ला सकते हैं।

रिकॉर्ड एफिशिएंसी और टिकाऊपन हासिल
डाइनिंग टेबल के आकार के इस पेरोव्स्काइट पैनल ने 22% एफिशिएंसी और 158.4 वॉट पावर आउटपुट का रिकॉर्ड बनाया। खास बात यह है कि इसने कमर्शियल कंडीशन्स में भी खुद को टिकाऊ साबित किया। यह पैनल तेज गर्मी, नमी और तापमान में उतार-चढ़ाव जैसे मुश्किल हालात में भी बेहतर प्रदर्शन करता है।

रियल-वर्ल्ड परफॉर्मेंस टेस्टिंग
पैनल की परफॉर्मेंस को लैब के बाहर भी चेक करने के लिए रिसर्चर्स ने 1MW पेरोव्स्काइट सिस्टम को 3.5MW सिलिकॉन फैसिलिटी के साथ एक ही सोलर फार्म में लगाया। तीन महीनों के दौरान पेरोव्स्काइट सिस्टम ने हर महीने एक जैसी कैपेसिटी के बावजूद सिलिकॉन से ज्यादा बिजली पैदा की। जैसे-जैसे तापमान बढ़ा, इसका प्रदर्शन और बेहतर हुआ। मार्च में इसने सिलिकॉन से 3.42%, अप्रैल में 3.79% और मई में 5.81% ज्यादा बिजली बनाई।

क्यों है यह अहम
पेरोव्स्काइट सोलर टेक्नोलॉजी को लंबे समय से सिलिकॉन का एक बेहतर विकल्प माना जा रहा है। यह सस्ते, हल्के और ज्यादा एफिशिएंट पैनल बनाने की क्षमता रखती है। हालांकि, बड़े पैमाने पर प्रोडक्शन और टिकाऊपन बनाए रखना अब तक एक चुनौती रहा है। लेकिन इस इंडस्ट्रियल ट्रायल की सफलता से संकेत मिलते हैं कि ये मुश्किलें जल्द खत्म हो सकती हैं। इससे अगली पीढ़ी के सोलर पैनल्स के व्यापक इस्तेमाल का रास्ता साफ हो सकता है।

यह डेवलपमेंट चीन को रिन्यूएबल एनर्जी टेक्नोलॉजी में एक लीडर के तौर पर स्थापित करता है और फॉसिल फ्यूल्स से दूर जाने के ग्लोबल प्रयासों को भी मजबूती देता है।

स्रोत: South China Morning Post

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चीन का पेरोव्स्काइट सोलर फार्म क्या है?

यह एक 1 मेगावाट का सोलर फार्म है जो सिलिकॉन सिस्टम से ज्यादा बिजली पैदा करता है।

पेरोव्स्काइट पैनल की एफिशिएंसी कितनी है?

इस पैनल की एफिशिएंसी 22% है।

पेरोव्स्काइट सोलर टेक्नोलॉजी का महत्व क्या है?

यह सस्ती, हल्की और ज्यादा एफिशिएंट पैनल बनाने की क्षमता रखती है।

पेरोव्स्काइट सिस्टम ने सिलिकॉन से कितनी ज्यादा बिजली बनाई?

मार्च में 3.42%, अप्रैल में 3.79% और मई में 5.81% ज्यादा बिजली बनाई।

यह डेवलपमेंट चीन को किस रूप में स्थापित करता है?

यह चीन को रिन्यूएबल एनर्जी टेक्नोलॉजी में एक लीडर के तौर पर स्थापित करता है।

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