तेलंगाना के 315 मंडलों में सूखे जैसे हालात, केंद्र से राहत मांगी
तेलंगाना के 315 मंडलों में सूखे जैसे हालात के बीच कृषि मंत्री ने किसानों के लिए रोजगार, सिंचाई, बीज, खाद और फसल खरीद की मदद मांगी।
तेलंगाना ने केंद्र से सूखे से राहत के उपाय मांगे
कृषि मंत्री तुम्मला नागेश्वर राव ने केंद्रीय कृषि मंत्री की अध्यक्षता में हुई वर्चुअल बैठक के दौरान केंद्र से सूखे से राहत और किसानों को मदद देने वाले कई उपाय करने की मांग की।
राव ने कहा कि तेलंगाना के 621 मंडलों में से 315 मंडलों में सूखे जैसे हालात बने हुए हैं। उन्होंने कहा कि अलग-अलग वर्ग केंद्र से राहत के उपाय मिलने का इंतजार कर रहे हैं।
उन्होंने केंद्र से खेत मजदूरों के लिए मजदूरी वाला रोजगार उपलब्ध कराने की मांग की। साथ ही, VB-G RAM G कार्यक्रम के तहत बड़े स्तर पर पानी बचाने से जुड़े काम शुरू करने को कहा।
खेती और पानी से जुड़ी मदद की मांग
राव ने माइक्रो इरिगेशन के उपकरणों और इंटर-क्रॉपिंग के बीजों के लिए अतिरिक्त बजट देने की भी मांग की।
उन्होंने मक्का, ज्वार और दूसरी प्रमुख फसलों की 100% खरीद की अपनी मांग दोहराई।
राव ने सुझाव दिया कि न्यूनतम समर्थन मूल्य-मूल्य समर्थन योजना के तहत इन फसलों की खरीद पर लगी 25% की सीमा को केंद्र हटा दे।
उन्होंने खाद की कीमतों और सब्सिडी को तर्कसंगत बनाने की भी मांग की।
मंत्री ने कहा कि राज्य पर एल नीनो के असर को देखते हुए ये उपाय जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि इन कदमों से किसानों को अपने नुकसान को कुछ हद तक नियंत्रित करने में मदद मिलेगी।
22 अक्टूबर से ‘खेत बचाओ अभियान’
राव ने बताया कि ‘खेत बचाओ अभियान’ 22 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक राज्य में चलाया जाएगा। यह अभियान राष्ट्रीय कृषि संस्थानों और विश्वविद्यालयों के साथ मिलकर लागू किया जाएगा।
तेलंगाना के बड़ी संख्या में मंडलों में सूखे जैसे हालात बने हुए हैं। इसी बीच सिंचाई की मदद, इंटर-क्रॉपिंग के बीज और फसलों की खरीद से जुड़े उपायों की मांग भी सामने रखी गई है।
राव ने यह भी कहा कि किसान फसलों के पैटर्न में बदलाव तभी अपनाएंगे, जब उनकी मौजूदा फसलों की पूरी उपज न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी जाएगी।
इसलिए उनकी मांग में फसलों के पैटर्न में बदलाव को मौजूदा उपज की न्यूनतम समर्थन मूल्य पर तय खरीद से जोड़ा गया है।
स्रोत: The Hindu
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
तेलंगाना के कितने मंडलों में सूखे जैसे हालात हैं?
तेलंगाना के 621 में से 315 मंडलों में सूखे जैसे हालात बने हुए हैं।
तेलंगाना ने केंद्र से किसानों के लिए क्या मदद मांगी है?
राज्य ने सूखे से राहत, खेत मजदूरों के लिए मजदूरी वाला रोजगार, पानी बचाने के काम, माइक्रो इरिगेशन उपकरणों और इंटर-क्रॉपिंग के बीजों के लिए अतिरिक्त बजट मांगा है।
फसलों की खरीद को लेकर तेलंगाना की क्या मांग है?
तेलंगाना ने मक्का, ज्वार और दूसरी प्रमुख फसलों की 100% खरीद की मांग की है। साथ ही, न्यूनतम समर्थन मूल्य योजना के तहत खरीद पर लगी 25% की सीमा हटाने को कहा है।
‘खेत बचाओ अभियान’ कब चलाया जाएगा?
‘खेत बचाओ अभियान’ 22 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक तेलंगाना में चलाया जाएगा।
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