श्रावस्ती में नवरात्र के चौथे दिन मां कूष्मांडा की पूजा-अर्चना
श्रावस्ती के इटवरिया चौराहे पर सजे नवदुर्गा पूजा महोत्सव के पंडाल में नवरात्र के चौथे दिन मां दुर्गा के चतुर्थ स्वरूप मां कूष्मांडा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई।
श्रावस्ती के इटवरिया चौराहे पर सजे नवदुर्गा पूजा महोत्सव के पंडाल में नवरात्र के चौथे दिन मां दुर्गा के चतुर्थ स्वरूप मां कूष्मांडा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। इस मौके पर सुबह की आरती भी भक्तिमय माहौल में संपन्न हुई। आरती के दौरान श्रद्धालुओं ने पंडाल पहुंचकर माता रानी के दर्शन किए और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।
मां कूष्मांडा की आराधना के साथ इटवरिया चौराहे पर भक्ति का माहौल बना हुआ है। मां के जयकारों और भक्ति से पूरा वातावरण भक्तिमय नजर आ रहा है। नवदुर्गा पूजा महोत्सव समिति की ओर से श्रद्धालुओं के लिए पूजा-अर्चना और आरती का आयोजन किया जा रहा है।
समिति की ओर से शाम की आरती में भी सभी भक्तों से पंडाल पहुंचने की अपील की गई है। समिति के अध्यक्ष अतुल पाण्डेय ने भक्तों से शाम की आरती में शामिल होने और माता रानी का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है।
समिति के मुताबिक, शाम की आरती के लिए भक्तों से पंडाल में पहुंचने की अपील की गई है। नवदुर्गा पूजा महोत्सव के तहत मां कूष्मांडा की आराधना और आरती का आयोजन किया जा रहा है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
नवरात्र के चौथे दिन किस देवी की पूजा की गई?
नवरात्र के चौथे दिन मां दुर्गा के चतुर्थ स्वरूप मां कूष्मांडा की विधि-विधान से पूजा की गई।
मां कूष्मांडा की पूजा कहां हुई?
मां कूष्मांडा की पूजा श्रावस्ती के इटवरिया चौराहे पर सजे नवदुर्गा पूजा महोत्सव के पंडाल में हुई।
सुबह की आरती के दौरान श्रद्धालुओं ने क्या किया?
श्रद्धालुओं ने पंडाल पहुंचकर माता रानी के दर्शन किए और उनका आशीर्वाद लिया।
शाम की आरती को लेकर समिति ने क्या अपील की है?
समिति ने सभी भक्तों से शाम की आरती में शामिल होने के लिए पंडाल पहुंचने की अपील की है।
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