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सावन के तीसरे सोमवार को बाबा झारखंडी नाथ मंदिर में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

सावन के तीसरे सोमवार को श्रावस्ती जिले के गिलौला थाना क्षेत्र में स्थित बाबा झारखंडी नाथ मंदिर में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा।

सावन के तीसरे सोमवार को बाबा झारखंडी नाथ मंदिर में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब
Image credit: News Darpan Team

सावन के तीसरे सोमवार को श्रावस्ती जिले के गिलौला थाना क्षेत्र में स्थित बाबा झारखंडी नाथ मंदिर में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। रामपुर पैड़ा गांव के इस प्रसिद्ध मंदिर में सैकड़ों भक्तों ने भगवान शिव का जलाभिषेक कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और अपनी मनोकामनाएं मांगी।

सुबह से ही मंदिर परिसर में भारी भीड़ नजर आई। दूर-दराज से आए महिला, पुरुष और बच्चों ने बाबा झारखंडी नाथ के दर्शन किए और पूरे भक्तिभाव से पूजा की। मंदिर के आसपास लगी दुकानों पर भी रौनक रही, जहां श्रद्धालुओं ने पूजा सामग्री और अन्य सामान खरीदा।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सावन का महीना भगवान शिव को समर्पित होता है और इसे बेहद पवित्र माना जाता है। इस महीने में भक्त जलाभिषेक, पूजा-पाठ और कांवड़ यात्रा जैसे माध्यमों से भगवान शिव की आराधना करते हैं। बाबा झारखंडी नाथ मंदिर भी इस दौरान श्रद्धालुओं के लिए आस्था का बड़ा केंद्र बन जाता है।

सावन के तीसरे सोमवार को मंदिर में पूरे दिन भक्तिमय माहौल बना रहा। श्रद्धालुओं ने शिवलिंग पर जल चढ़ाया और सुख-समृद्धि की कामना की। इस धार्मिक आयोजन ने न सिर्फ स्थानीय लोगों बल्कि आसपास के क्षेत्रों से आए भक्तों को भी एकजुट किया।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बाबा झारखंडी नाथ मंदिर कहाँ स्थित है?

बाबा झारखंडी नाथ मंदिर श्रावस्ती जिले के गिलौला थाना क्षेत्र में स्थित है।

सावन के तीसरे सोमवार को मंदिर में क्या हुआ?

सावन के तीसरे सोमवार को मंदिर में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा और भक्तों ने भगवान शिव का जलाभिषेक किया।

श्रद्धालुओं ने मंदिर में क्या किया?

श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और अपनी मनोकामनाएं मांगी।

सावन का महीना किसे समर्पित होता है?

सावन का महीना भगवान शिव को समर्पित होता है और इसे बेहद पवित्र माना जाता है।

मंदिर के आसपास क्या गतिविधियाँ थीं?

मंदिर के आसपास दुकानों पर श्रद्धालुओं ने पूजा सामग्री और अन्य सामान खरीदा।

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