लखनऊ में गेमिंग कर्ज के लिए 17 वर्षीय छात्र ने रचा अपना अपहरण
गेमिंग का कर्ज चुकाने के लिए 17 वर्षीय छात्र ने रची खुद के अपहरण की झूठी कहानी ऑनलाइन गेमिंग की लत किस कदर खतरनाक हो सकती है, इसका एक चौंकाने वाला मामला उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से सामने आया है।
ऑनलाइन गेमिंग की लत किस कदर खतरनाक हो सकती है, इसका एक चौंकाने वाला मामला उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से सामने आया है। यहां एक 17 साल के नीट एस्पिरेंट ने गेमिंग का कर्ज चुकाने के लिए अपने ही किडनैपिंग की झूठी कहानी रच दी। छात्र ने परिवार से पैसे ऐंठने के लिए ऐसा ड्रामा किया, जिसमें उसने खुद की हत्या किए जाने का फर्जी मैसेज भी भेज दिया।
मामला लखनऊ के पारा इलाके का है। छात्र मेडिकल की तैयारी कर रहा था। इसी दौरान उसे ऑनलाइन गेमिंग की लत लग गई। वह पहले भी गेमिंग में करीब ₹70,000 गंवा चुका था। इस रकम को उसके परिवार ने किसी तरह चुकाया था।
हाल ही में छात्र पर ₹50,000 का और कर्ज चढ़ गया। जब परिजनों ने उसे और पैसे देने से इनकार कर दिया, तो वह अचानक घर से गायब हो गया। इसके बाद उसने परिवार को डराने और उनसे पैसे लेने के लिए अपने ही अपहरण की साजिश रची।
छात्र ने अपने फोन का सिम निकाल दिया। इसके बाद उसने बाहरी वाई-फाई और वॉइस चेंजर का इस्तेमाल करके अपने पिता को मैसेज भेजे। मैसेज में उसने 5 लाख रुपए की फिरौती मांगी। उसने धमकी दी कि अगर पैसे नहीं मिले तो उसे मार दिया जाएगा।
परिवार में डर का माहौल बनाने के लिए छात्र ने एक फर्जी मैसेज भी भेजा। इसमें यह बताया गया कि उसकी हत्या कर दी गई है। बेटे की हत्या की खबर से घबराए पिता ने जैसे-तैसे 3 लाख रुपए जुटाए और तुरंत पुलिस से संपर्क किया।
हालांकि, छात्र की पूरी साजिश एक डिजिटल पेमेंट की वजह से सामने आ गई। उसने खाने के लिए अपनी चचेरी बहन को मैसेज किया और उससे पैसे मांगे। इसके साथ ही उसने एक बारकोड भी भेजा।
जैसे ही उसकी बहन ने ₹2,000 ट्रांसफर किए, पुलिस की सर्विलांस टीम ने डिजिटल पेमेंट के जरिए उसकी लोकेशन ट्रेस कर ली। इसके बाद लखनऊ पुलिस मौके पर पहुंची।
पुलिस को छात्र पूरी तरह सुरक्षित मिला। वह अपनी गर्लफ्रेंड के साथ था। पुलिस ने साफ किया कि यह कोई अपहरण नहीं था, बल्कि गेमिंग के कर्ज से बचने और घर वालों से पैसे ऐंठने के लिए रचा गया एक फर्जी ड्रामा था।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
लखनऊ में 17 वर्षीय छात्र ने अपहरण की झूठी कहानी क्यों रची?
उसने ऑनलाइन गेमिंग का ₹50,000 का कर्ज चुकाने और परिवार से पैसे लेने के लिए अपने अपहरण की झूठी कहानी रची।
छात्र ने परिवार से कितनी फिरौती मांगी थी?
छात्र ने परिवार से ₹5 लाख की फिरौती मांगी और पैसे नहीं मिलने पर जान से मारने की धमकी दी।
पुलिस को छात्र की साजिश का पता कैसे चला?
छात्र ने अपनी चचेरी बहन से खाने के लिए ₹2,000 मांगे और बारकोड भेजा। पेमेंट होते ही पुलिस ने डिजिटल ट्रांजैक्शन से उसकी लोकेशन ट्रेस कर ली।
पुलिस को छात्र कहां और किस हालत में मिला?
पुलिस को छात्र सुरक्षित मिला। वह अपनी गर्लफ्रेंड के साथ था।
सबसे ज़्यादा पढ़ी गई
- 1
शामली में परिवार पर जानलेवा हमले का आरोप, दो महिलाएं गंभीर
- 2
54वें विशाल कुश्ती दंगल में पहलवानों ने दिखाया दमखम, काजल बनीं महिला केसरी और …
- 3
श्रावस्ती में बड़ा फेरबदल, कई अफसरों के बदले प्रभार
- 4
हाथरस के ऐहन गांव में ठाकुर जी मेले पर सजा कुश्ती दंगल
- 5
महाभारत काल से जुड़ा माना जाता है शहडोल का शमी वृक्ष
टिप्पणियाँ
अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।