मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने आगरा में लोकतंत्र की ताकत पर जोर दिया
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने आगरा का दौरा किया और यहां नेशनल चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज एंड कॉमर्स यूपी के 78वें स्थापना दिवस कार्यक्रम में हिस्सा लिया।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने आगरा का दौरा किया और यहां नेशनल चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज एंड कॉमर्स यूपी के 78वें स्थापना दिवस कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस मौके पर उन्होंने भारत के लोकतंत्र और चुनाव आयोग की भूमिका पर जोर देते हुए कहा कि भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है और चुनाव आयोग दुनिया की सबसे बड़ी चुनाव प्रबंधन संस्था है।
उन्होंने बताया कि देश में 95 करोड़ से अधिक मतदाताओं के निष्पक्ष चुनाव का दायित्व चुनाव आयोग निभाता है। आगरा के उद्योगपतियों और सामाजिक संगठनों की भूमिका की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत जागरूक मतदाता होते हैं। उन्होंने एसआईआर (Systematic Voters’ Education and Electoral Participation) के उद्देश्य पर बात करते हुए कहा कि इसका मकसद मतदाता सूची को अधिक शुद्ध और अद्यतन बनाना है।
ज्ञानेश कुमार ने नागरिकों से मतदान करने और तथ्यात्मक जानकारी पर भरोसा करने की अपील की। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह संविधान और निर्वाचन आयोग के नियमों के तहत होती है। साथ ही उन्होंने हर पात्र नागरिक से मतदान करने का आह्वान करते हुए कहा कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने में यह सबसे बड़ा योगदान है।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने आगरा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान जागरूकता बढ़ाने और लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए सभी वर्गों के सहयोग की सराहना की। उन्होंने कहा कि मतदाता जागरूकता ही लोकतंत्र की असली ताकत है और इसे बढ़ावा देने के लिए सभी को मिलकर काम करना चाहिए।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने आगरा में क्या कहा?
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है और चुनाव आयोग दुनिया की सबसे बड़ी चुनाव प्रबंधन संस्था है। उन्होंने लोकतंत्र की ताकत पर जोर दिया।
भारत में कितने मतदाता हैं?
भारत में 95 करोड़ से अधिक मतदाता हैं और चुनाव आयोग इन सभी के निष्पक्ष चुनाव का दायित्व निभाता है।
लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत क्या है?
मुख्य निर्वाचन आयुक्त के अनुसार, लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत जागरूक मतदाता होते हैं। मतदाता जागरूकता ही लोकतंत्र को मजबूत करती है।
SVEEP का मकसद क्या है?
SVEEP (Systematic Voters' Education and Electoral Participation) का मकसद मतदाता सूची को अधिक शुद्ध और अद्यतन बनाना है।
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