शामली में एनएचएम संविदा कर्मचारियों ने किया काम का बहिष्कार, धरना
शामली में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन यानी एनएचएम के संविदा कर्मचारियों ने काम का बहिष्कार कर सीएमओ ऑफिस पर धरना प्रदर्शन किया।
शामली में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन यानी एनएचएम के संविदा कर्मचारियों ने काम का बहिष्कार कर सीएमओ ऑफिस पर धरना प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री से अपनी 7 सूत्रीय मांगों का जल्द समाधान कराने की मांग की। संघ ने चेतावनी दी कि अगर मांगें पूरी नहीं हुईं, तो कर्मचारी लखनऊ कूच करेंगे।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ ने प्रदेश में काम कर रहे करीब एक लाख से अधिक संविदा कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान को लेकर मुख्यमंत्री को पत्र भेजा है। संघ ने पत्र के जरिए 7 सूत्रीय मांगों को जल्द पूरा करने की मांग रखी है।
संघ के पदाधिकारियों ने पत्र में कहा कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत काम करने वाले संविदा कर्मचारी पिछले कई वर्षों से प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। ग्रामीण और दुर्गम इलाकों के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों से लेकर जिला चिकित्सालयों तक संविदा कर्मचारी लगातार अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
पत्र में कहा गया है कि कोरोना संक्रमण जैसी वैश्विक महामारी के दौरान भी एनएचएम संविदा कर्मचारियों ने अपनी जान की परवाह किए बिना स्वास्थ्य सेवाओं को आम लोगों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कर्मचारियों ने उस दौरान स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े कामों में लगातार योगदान दिया।
संघ के मुताबिक टीकाकरण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, टीबी उन्मूलन और गैर-संचारी रोगों की रोकथाम समेत विभिन्न राष्ट्रीय कार्यक्रमों के सफल संचालन में भी संविदा कर्मचारियों की अहम भूमिका रही है। इसके बावजूद कर्मचारियों से जुड़ी कई समस्याओं का अब तक समाधान नहीं हुआ है।
संघ ने कहा कि हरियाणा, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़ और राजस्थान जैसे राज्यों में एनएचएम संविदा कर्मचारियों के लिए वेतन संरचना, महंगाई भत्ता, स्थानांतरण, ईपीएफ, सामाजिक सुरक्षा और सेवा सुरक्षा से जुड़ी बेहतर व्यवस्थाएं लागू हैं।
संघ का कहना है कि उत्तर प्रदेश में भी संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों के हित में इसी तरह की प्रभावी व्यवस्था लागू की जानी चाहिए। पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री के सामने संविदा कर्मचारियों के व्यापक हित और प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को और मजबूत करने के उद्देश्य से 7 सूत्रीय मांगों को पूरा कराने की मांग रखी है।
पदाधिकारियों का कहना है कि मांगों का जल्द समाधान होने से प्रदेशभर में काम कर रहे एनएचएम कर्मचारियों को राहत मिलेगी। साथ ही, इससे स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने में भी मदद मिलेगी। मांगें पूरी नहीं होने पर लखनऊ कूच करने की चेतावनी दी गई है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
शामली में एनएचएम संविदा कर्मचारियों ने क्या किया?
कर्मचारियों ने काम का बहिष्कार कर सीएमओ ऑफिस पर धरना प्रदर्शन किया।
एनएचएम संविदा कर्मचारियों की मुख्य मांग क्या है?
संघ ने मुख्यमंत्री से 7 सूत्रीय मांगों का जल्द समाधान करने की मांग की है।
संविदा कर्मचारियों ने किन व्यवस्थाओं की मांग की है?
उन्होंने वेतन संरचना, महंगाई भत्ता, स्थानांतरण, ईपीएफ, सामाजिक सुरक्षा और सेवा सुरक्षा से जुड़ी बेहतर व्यवस्था की मांग की है।
मांगें पूरी नहीं होने पर कर्मचारी क्या करेंगे?
मांगें पूरी नहीं होने पर कर्मचारियों ने लखनऊ कूच करने की चेतावनी दी है।
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