साहिबाबाद हादसे के बचावकर्मियों और नागरिकों को पुलिस आयुक्त ने सम्मानित किया
पुलिस आयुक्त जे. रविंद्र गौड ने फायर सर्विस, पुलिसकर्मियों और स्थानीय नागरिकों को साहिबाबाद हादसे के राहत-बचाव कार्य के लिए सम्मानित किया।
गाजियाबाद। पुलिस आयुक्त जे. रविंद्र गौड ने 13 अक्टूबर 2026 को साहिबाबाद में हुए हादसे के राहत-बचाव कार्य में योगदान देने वाले फायर सर्विस कर्मियों, पुलिसकर्मियों और स्थानीय नागरिकों को सम्मानित किया। समारोह में संकट के समय उनकी तत्परता, साहस और आपसी सहयोग की सराहना की गई।

12 अक्टूबर 2026 को थाना साहिबाबाद क्षेत्र में एक निर्माणाधीन बिल्डिंग का लेंटर अचानक गिर गया था। मलबे में लोगों के दबने से स्थिति गंभीर हो गई थी। सूचना के बाद फायर सर्विस, थाना प्रभारी रवेंद्र गौतम के नेतृत्व में पुलिस टीम और आसपास के स्थानीय निवासी राहत-बचाव कार्य में जुट गए।

बचाव कार्य में शामिल लोगों ने मलबा हटाकर दबे हुए व्यक्तियों को सकुशल बाहर निकाला और समय रहते अस्पताल पहुंचाया। पुलिस, फायर सर्विस और स्थानीय लोगों के संयुक्त प्रयास से राहत-बचाव कार्य को तेजी से आगे बढ़ाया जा सका। आज के समारोह में इसी योगदान के लिए उन्हें सम्मान दिया गया।

पुलिस आयुक्त ने कहा कि संकट के समय तत्परता, साहस और आपसी सहयोग से अमूल्य जीवन की रक्षा की जा सकती है। उन्होंने ऐसी आपदाओं में फायर सर्विस, पुलिस और आम नागरिकों के संयुक्त प्रयास को महत्वपूर्ण बताया।

सम्मानित होने वालों में सीएफओ सौरभ कुमार सिंह, थाना प्रभारी साहिबाबाद रवेंद्र गौतम और सीमा चौकी प्रभारी कुलवंत सिंह प्रमुख रूप से शामिल रहे। इनके अलावा अन्य पुलिसकर्मियों और स्थानीय निवासियों को भी सम्मानित किया गया, जिन्होंने मलबा हटाने और फंसे हुए लोगों को बाहर निकालने में सक्रिय भूमिका निभाई थी।

पुलिस आयुक्त ने स्थानीय नागरिकों के मानवीय योगदान की विशेष प्रशंसा की। समारोह में राहत-बचाव में शामिल कर्मियों और नागरिकों के साहस तथा कर्तव्यनिष्ठा को सराहा गया। हादसे के दौरान पुलिस और स्थानीय लोगों का सहयोग इस सम्मान समारोह का प्रमुख विषय रहा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
साहिबाबाद हादसे में बचाव कार्य के लिए किन लोगों को सम्मानित किया गया?
फायर सर्विस कर्मियों, पुलिसकर्मियों और स्थानीय नागरिकों को सम्मानित किया गया।
साहिबाबाद में हादसा कब और कैसे हुआ था?
12 अक्टूबर 2026 को निर्माणाधीन बिल्डिंग का लेंटर अचानक गिर गया था, जिससे लोग मलबे में दब गए थे।
बचाव दल ने हादसे के बाद क्या किया?
फायर सर्विस, पुलिस और स्थानीय लोगों ने मलबा हटाकर दबे लोगों को बाहर निकाला और समय रहते अस्पताल पहुंचाया।
सम्मान समारोह में किन प्रमुख लोगों का नाम शामिल रहा?
सीएफओ सौरभ कुमार सिंह, थाना प्रभारी रवेंद्र गौतम और सीमा चौकी प्रभारी कुलवंत सिंह प्रमुख रूप से शामिल रहे।
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