News Darpan भारत का डिजिटल दर्पण
ताज़ा
मुरैना में खेत की मेड़ विवाद के बाद युवक की मौत, चार घायलमधुबनी में गड्ढे में जाने के बाद बोलेरो पलटी, पुलिस चालक की मौतसीवान में चाय विवाद में 75 वर्षीय बुजुर्ग की हत्या की खबरबच्चों के विवाद में युवक की हत्या, आरोपी गिरफ्तार; कुल्हाड़ी बरामदशामली में तेज रफ्तार स्कॉर्पियो पलटी, चालक समेत दो युवकों की मौतशामली में विवाद सुलझाने पहुंची डायल 112 गाड़ी पर पथराव, चालक घायलग्वालियर GRMC में कथित मारपीट के विरोध में जूनियर डॉक्टरों की हड़तालबेटी के इलाज को तीन दिन भटके पिता, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप
Religious Official source

बागेश्वर धाम में महिलाओं से अकेले नहीं आने की धीरेंद्र शास्त्री की अपील

बागेश्वर धाम में श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने शनिवार रात दो टूक अपील जारी की। उन्होंने खास तौर पर माताओं-बहनों से कहा कि वे अकेले धाम न आएं।

बागेश्वर धाम में महिलाओं से अकेले नहीं आने की धीरेंद्र शास्त्री की अपील
Image credit: News Darpan Team

बागेश्वर धाम में श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने शनिवार रात दो टूक अपील जारी की। उन्होंने खास तौर पर माताओं-बहनों से कहा कि वे अकेले धाम न आएं। अगर किसी कारण उन्हें अकेले आना पड़े, तो किसी अनजान व्यक्ति या सेवादार पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। धीरेंद्र शास्त्री ने श्रद्धालुओं से अपनी सुरक्षा और अपने सामान की जिम्मेदारी खुद संभालने को कहा है।

धीरेंद्र शास्त्री ने साफ किया कि बागेश्वर धाम के करीब 5 किमी के पूरे क्षेत्र की सुरक्षा की जिम्मेदारी उनकी नहीं है। उन्होंने कहा कि वे मंदिर और हॉल की व्यवस्था की जिम्मेदारी ले सकते हैं, लेकिन पूरे परिसर में आने वाले हर श्रद्धालु की सुरक्षा सुनिश्चित करना उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं है।

पीठाधीश्वर के मुताबिक, मंदिर और हॉल के अलावा धाम के करीब 5 किलोमीटर के क्षेत्र में श्रद्धालुओं की सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी उनके जिम्मे नहीं है। इसलिए धाम आने वाले लोगों को अपने स्तर पर भी सावधानी बरतनी होगी। उन्हें अपने साथ आने वाले लोगों, अपने सामान और अपनी आवाजाही को लेकर खुद सतर्क रहना होगा।

महिला श्रद्धालुओं को सावधान करते हुए उन्होंने कहा, ‘महिलाएं अकेले न आएं, किसी पर भी आंख बंद कर भरोसा न करें।’ उन्होंने माताओं-बहनों से अकेले धाम आने से बचने की अपील की। साथ ही कहा कि अगर किसी वजह से अकेले आना पड़े, तो किसी अनजान व्यक्ति पर भरोसा करने से पहले पूरी सावधानी बरतें।

उन्होंने धाम आने वाले श्रद्धालुओं से अनजान लोगों से दूरी बनाए रखने को भी कहा। धीरेंद्र शास्त्री ने यह सलाह सिर्फ अनजान लोगों तक सीमित नहीं रखी, बल्कि सेवादारों को लेकर भी श्रद्धालुओं को सतर्क किया। उनका कहना था कि किसी व्यक्ति के सेवादार होने मात्र से उस पर आंख मूंदकर भरोसा नहीं किया जाना चाहिए।

पीठाधीश्वर ने कहा कि श्रद्धालुओं को किसी भी व्यक्ति को अपना भरोसा सौंपने से पहले सावधानी बरतनी चाहिए। धाम में आने वाले लोग अपनी सुरक्षा को लेकर पूरी तरह किसी दूसरे पर निर्भर न रहें। अपनी जिम्मेदारी खुद संभालें और किसी भी संदिग्ध स्थिति में सावधान रहें।

धीरेंद्र शास्त्री ने श्रद्धालुओं से यह भी अपील की कि वे मंदिर परिसर और निर्धारित हॉल तक ही रहें। उन्होंने अनावश्यक रूप से आसपास के क्षेत्रों में घूमने और लंबे समय तक धाम में रुकने से बचने की सलाह दी। उनके मुताबिक, मंदिर और हॉल के अलावा इधर-उधर जाना श्रद्धालुओं के लिए परेशानी का कारण बन सकता है।

उन्होंने कहा कि भीड़भाड़ वाले धार्मिक स्थलों पर थोड़ी सी लापरवाही भी परेशानी का कारण बन सकती है। इसलिए बागेश्वर धाम आने वाले लोगों को अपनी आवाजाही और अपने आसपास मौजूद लोगों पर ध्यान रखना चाहिए। श्रद्धालुओं को बिना जरूरत आसपास के इलाकों में जाने से बचने और निर्धारित जगहों पर ही रहने की सलाह दी गई है।

धीरेंद्र शास्त्री का यह बयान इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि उन्होंने धाम की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अपनी जिम्मेदारी की सीमा साफ कर दी है। उन्होंने कहा कि पूरे 5 किलोमीटर के क्षेत्र की सुरक्षा उनके जिम्मे नहीं है। मंदिर और हॉल की व्यवस्था को लेकर वे जिम्मेदारी ले सकते हैं, लेकिन पूरे परिसर में श्रद्धालुओं की सुरक्षा उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं आती।

इस वजह से बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं को अपने स्तर पर भी सुरक्षा संबंधी सावधानियां बरतनी चाहिए। उन्हें अपने मोबाइल, नकदी, आभूषण और अन्य सामान की जिम्मेदारी खुद संभालनी होगी। किसी अनजान व्यक्ति या सेवादार को बिना पूरी जानकारी के अपना सामान सौंपने से भी बचना होगा।

अपने संबोधन में धीरेंद्र शास्त्री ने सनातन धर्म को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि ‘सनातन पर चारों तरफ से हो रहे हमले’ चिंता का विषय हैं। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म के खिलाफ अलग-अलग स्तर पर विरोध और उपद्रव की स्थितियां सामने आती रहती हैं।

पीठाधीश्वर ने कहा कि ऐसे माहौल में श्रद्धालुओं को अपनी धार्मिक भावनाओं के साथ-साथ अपनी सुरक्षा को लेकर भी जागरूक रहना चाहिए। उनका संदेश था कि आस्था जरूरी है, लेकिन श्रद्धालुओं को सुरक्षा संबंधी सावधानियों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

धीरेंद्र शास्त्री ने वृंदावन में हाल में सामने आई घटनाओं का भी हवाला दिया। उन्होंने कहा कि वे नहीं चाहते कि बागेश्वर धाम में भी किसी तरह की अप्रिय घटना हो और उससे धाम की छवि प्रभावित हो। इसी वजह से उन्होंने श्रद्धालुओं को पहले से सतर्क रहने की सलाह दी है।

उनकी अपील में श्रद्धालुओं के लिए चार मुख्य बातें साफ तौर पर सामने आईं। महिलाएं अकेले धाम आने से बचें। किसी अनजान व्यक्ति या सेवादार पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। मंदिर और निर्धारित हॉल के अलावा अनावश्यक जगहों पर न जाएं। मोबाइल, नकदी, आभूषण और अन्य सामान की जिम्मेदारी खुद संभालें।

धाम में आने वाले श्रद्धालुओं से किसी भी संदिग्ध व्यक्ति से दूरी बनाए रखने की अपेक्षा की गई है। अगर कोई अप्रिय स्थिति सामने आती है, तो तत्काल जिम्मेदार प्रशासनिक अथवा पुलिस अधिकारियों को सूचना देने की बात कही गई है। धीरेंद्र शास्त्री की अपील का मुख्य संदेश यही है कि बागेश्वर धाम आने वाले श्रद्धालु सिर्फ आस्था के भरोसे न रहें, बल्कि अपनी सुरक्षा को लेकर भी सजग रहें।

खासकर अकेली महिला श्रद्धालुओं को उन्होंने समूह या परिवार के साथ आने की सलाह दी है। धाम में पहुंचने के बाद भी लोगों को अनजान लोगों से सावधान रहने, सेवादार होने के आधार पर आंख मूंदकर भरोसा न करने और अपने सामान की निगरानी खुद करने को कहा गया है। यानी धीरेंद्र शास्त्री ने श्रद्धालुओं से साफ कहा है कि आस्था के साथ सुरक्षा भी जरूरी है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

धीरेंद्र शास्त्री ने महिलाओं से क्या अपील की?

उन्होंने महिलाओं से अकेले बागेश्वर धाम नहीं आने की अपील की।

अगर किसी महिला को अकेले धाम आना पड़े तो क्या सावधानी रखनी चाहिए?

उसे किसी अनजान व्यक्ति या सेवादार पर आंख मूंदकर भरोसा नहीं करना चाहिए।

बागेश्वर धाम में सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी है?

धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि मंदिर और हॉल की व्यवस्था की जिम्मेदारी वे ले सकते हैं, लेकिन करीब 5 किलोमीटर पूरे क्षेत्र की सुरक्षा उनके जिम्मे नहीं है।

धाम आने वाले श्रद्धालुओं को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

उन्हें अपनी सुरक्षा और सामान की जिम्मेदारी खुद संभालनी चाहिए, अनजान लोगों से दूरी रखनी चाहिए और मंदिर परिसर व निर्धारित हॉल तक ही रहना चाहिए।

#bageshwar dham#dhirendra shastri#महिला सुरक्षा#श्रद्धालु सुरक्षा

सबसे ज़्यादा पढ़ी गई

  1. 1

    श्रावस्ती में सपा बैठक में हंगामा, नेता का माइक छीनने का आरोप

  2. 2

    शामली में 50 से ज्यादा दुकानों के नाम कथित फर्जी बिल, लाखों भुगतान

  3. 3

    शामली महिला का रिश्तेदारों पर 15 लाख के जेवर ले जाने का आरोप

  4. 4

    गन्ने की फसल नुकसान और मारपीट के आरोप, डीएम से जांच की मांग

  5. 5

    हाथरस में आयुष्मान संविदा कर्मियों ने सौंपा ज्ञापन, 22 अक्टूबर से कार्य बहिष्कार की …

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहली टिप्पणी करें।

टिप्पणियाँ समीक्षा के बाद प्रकाशित होती हैं।